बिहार में दो मृत आइएएस बनाए गए एडिशनल सेक्रेटरी, 14 रिटायर्ड अधिकारियों काे भी मिला प्रमोशन
लेटलतीफी की हद यह कि दो आइएएस अधिकारियों को उनकी मौत के बाद प्रमोशन देकर एडिशनल सेक्रेटरी बनाया गया है। इसी तरह 14 रिटायर्ड अधिकारियों काे भी प्रमोशन मिला है। खबर पढ़कर आप कह उठेंगे कि बिहार में ऐसा भी होता है।
By Amit AlokEdited By: Updated: Wed, 27 Jul 2022 02:54 PM (IST)
पटना, आनलाइन डेस्क। बिहार सरकार ने दो मृत आइएएस अधिकारियों को एडिशनल सेक्रेटरी रैंक में पदोन्नति दी है। 14 रिटायर्ड आइएएस अधिकारियों काे भी इसी रैंक में प्रमोशन दिया गया है। लंबे समय से लंबित प्रमोशन मौत व सेवानिवृत्ति के बाद दिए जाने को लेकर लोगों ने सरकार काे घेरा है।
25 आइएएस को प्रमोशन, दो मृतक भी शामिल मिली जानकारी के अनुसार राज्य सरकार ने 25 आइएएस अधिकारियों को साल 2016 एवं 2017 के प्रभाव से एडिशनल सेक्रेटरी के रैंक में पदोन्नति दी है। इनमें बीते साल कोरोनावायरस संक्रमण के कारण मृत आइएएस अधिकरी विजय रंजन व रामेश्वर पांडेय भी शामिल हैं। उन्हें यह पदोन्नति जनवरी 2017 के प्रभाव से दी गई है। इस लिस्ट में 14 सेवानिवृत्त आइएएस अधिकारी भी शामिल हैं। बिहार सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग में तबदला व पदोन्नति देखने वाले एक वरीय अधिकारी ने बताया कि उक्त 25 आइएएस अधिकरियों की पदोन्नति कुछ औपचारिकताएं पूरी नहीं हो पाने के कारण लंबे समय से लंबित थी।
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सेवानिवृत्त होने के बाद 14 के मिली पदोन्नति
सेवानिवृत्ति के बाद पदोन्नति पाने वाले अधिकारियो में राकेश मोहन, दयानंद मिश्रा, राज कुमार सिन्हा, श्याम किशोर, अरुण कुमार, ओम प्रकाश पाल, निवेदिता राय, जयशंकर प्रसाद, पंकज पटेल, मनोज कुमार झा, कृष्णानंद सिंह, विमलेश कुमार झा, रिषिदेव झा, संज कुमार सिंह, एवं प्रभु राम शामिल हैं।पदोन्नति की तिथि से वेतन व पेंशन में वृद्धि
सामान्य प्रशासन विभाग के प्रिंसिपल सेक्रेटरी बी राजेंद्र से तो संपर्क नहीं हो सकता, लेकिन एक अन्य वरीयअधिकारी ने बताया कि सेवानिवृत्त अधिकारी पदोन्नति की तिथि से वेतन वृद्धि के बकाया के हकदार होंगे। पदोन्नति पाने वाले मृत अधिकरियों के पेंशन में भी पदोन्नति के अनुसार बढ़ाेतरी की जाएगी।लोगों की नजर में यह प्रशासनिक निष्क्रियता
आइएएस आधिकारियों को मौत व सेवानिवृत्ति के बाद पदोन्नति को आम लोगों ने प्रशासनिक निष्क्रियता का मामला बताया है। पटना के एक शिक्षक ने नाम उजागर नहीं करने के आग्रह के साथ कहा कि जब आइएएस की जाब में ऐसा हो सकता है तो सामान्य नौकरियों की कौन पूछता है। पटना विवि के छात्र रोहन वर्मा कहते हैं कि इन्हीं कारणों से लोगों का सरकारी नौकरियों से मोहभंग हो रहा है।यह भी पढ़ें : पुलिस भी हमलोगों की तरह खूब डरती है... समस्तीपुर हादसे में बचे जवानों की आंखों में साफ दिखा खौफ
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